भाग्यांक 6 - bhagyank 6 in numerology


भाग्यांक जानने के लिये, जन्म तिथि, जन्म मास और जन्म वर्ष की आवश्यकता होती है। उदाहरणः माना किसी जातक का जन्म 22  नवम्बर 1980 को है, तो उस जातक का भाग्यांक निम्नलिखित तरीके से निकाला जा सकता है। जन्म तारीख, जन्म मास और जन्म वर्ष= भाग्यांक जन्म तारीख, 22=2+2=4 जन्म मास, 11=1+1=2 जन्म वर्ष, 1980=1+9+8+0=18=1+8=9 तो इस प्रकार इस जातक का भाग्यांक= 4+2+9 =15=6














भाग्यांक 6- इन जातकों का जीवन शुक्र ग्रह से प्रभावित रहता है। शुक्र ग्रह सौन्दर्य का प्रतीक माना जाता है।  सुन्दर कलात्मक संगीत व साहित्य से इनका  विशेष लगाव रहता रहेगा। आप कोई भी कार्य समय से करने में विश्वास रखते है इसलिए आपको आलसी लोग पसन्द नहीं आते है। प्रत्येक पर विश्वास न करें या फिर करें भी तो पहले उसका परीक्षण अवश्य कर लें।

 मोटापा ज्यादा होने की सम्भावना है, इसलिए आपको-अपने खान-पान पर विशेष सावधानी बरतनें की आवश्यकता है। आप प्रतिवाद की भावना में कभी न फॅसे अन्यथा अपने लक्ष्य ये भटक सकते है। आप-अपनी गल्तियों को सही साबित करने का प्रयास करते हैं, इस आदत में सुधार लाने का प्रयास करें।

भाग्यांक 6 वाले जातक किसी भी कार्य को समय से करने में विश्वास रखते है और इन्हें आलस पसंद नहीं होता. शुक्र ग्रह को सौन्दर्य और काम भावना का प्रतीक माना जाता है अत: इस कारण भाग्यांक 6 वालों में एक विशेष प्रकार का आकर्षण होता है इस कारण लोग इनसे जल्दी प्रभावित हो जाते हैं. भाग्यांक छ वाले लोग मध्यस्थ बनकर दूसरों के मध्य हुए विवादों का निपटारा कर सकने में सक्षम होते हैं.
रेस्टोरेन्ट, शिल्प कार्य, साहित्य, फिल्म विज्ञापन, परिवहन विभाग की ठेकेदारी, वस्त्रों का व्यापार, हीरे का बिजनेस, सौन्दर्य प्रसाधनों का कार्य, सफेद वस्तुओं का कार्य, खनिज कार्य, पेन्टिंग, निर्माण कार्य, आदि से सम्बन्धित व्यवसाय आपके लिए लाभदायक सिद्ध होंगे।

 भाग्यांक 6 वाले व्यक्तियों के जीवन में जब-जब 6, 9, 3 व 2 इन अंको का योग आयेगा तो वह वर्ष आपके लिए अनुकूल रहेंगे। जैसे- 21वां , 24वां , 30वां , 33वां , 39वां , 42वां , 46वां , 54वां , 56वां , ये वर्ष आपके लिए अच्छे रहेंगे। 

भाग्यांक 6 वाले खर्चीले भी खूब होते हैं इस कारण धन संग्रह करने में इन्हें कठिनाई हो सकती है जो परेशानी का सबब बन सकती है


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