वास्तु - चमकीला फर्श - फायदे और नुकसान - shiny floor in vastu

फर्श को ज्योतिष तथा वास्तु शास्त्र में भाग्य के रूप में जाना जाता है फर्श हमारे भाग्य का प्रतीक भी है.क्या आप जानते है कि चमकीले फर्श संगमरमर या ग्रेनाईट वाले फर्श भी mirror के समान प्रभाव अपना अलग अलग प्रभाव दिखाते है. यदि आप किसी चमकीले फर्श को देखते है तो उसमे आपको अपना प्रतिबिम्ब नज़र आता है इसका मतलब जिस फर्श में आप अपना प्रतिबिम्ब देख पा रहे है  वो एक शीशे की तरह कार्य कर रहा है और जिस दिशा में या घर के जिस हिस्से (portion) में ये लगा है वहाँ की गहराई (virtual pit) बना रहा है जो की हर दिशा के हिसाब से अलग प्रभाव देता है. आइये जानते है चमकीले फर्श कैसे हमारी life में प्रभाव डालते है 














floor in vastu in hindi


यहाँ हम सिर्फ बेहद चमकीले फर्श(संगमरमर या ग्रेनाईट वाले फर्श) की बात कर रहे है सादे फर्श की बात नही कर रहे है. जैसा की इस image आप देख सकते है.






floor as per vastu in south-west





जैसा की हमने पहले के लेखों में बताया है के south-west में कोई भी गड्डा होना सबसे बड़ा वास्तु दोष होता है जिसका निवारण मुश्किल सा ही है. घर के यदि दक्षिण-पश्चिम भाग में फर्श यदि इस प्रकार के चमकीले है तो यह सबसे बड़ा वास्तु दोष माना जाता है क्योंकि यह गहराई बनाता है जो कि अंडरग्राउंड की स्थिति होती है यह नुकसान दायक है. यहां पर तुरंत दरी या चटाई आदि बिछा के इसे ढक दे इससे धरती का कोप शांत हो जायगा.नहीं तो आर्थिक घाटा, साझेदार से मनमुटाव,घर की स्त्रियों को नुकसान और blood pressure  व heart diseases  पीछा नहीं छोड़ेंगे.



floor in south-east


दक्षिण-पूर्व के क्षैत्र में यदि फर्श चमकीला है तब फर्श की गहराई कि दिखाता है जिससे हमें अग्नि सम्बंधित परेशानियाँ और कार दुर्घटना, आग लगना, कर्ज चड़ना, करंट लगना बीमारी आदि कुछ भी होने की संभावना होती है.उसे भी ढक कर रख दे.



vastu floor in north-east 


उत्तर-पूर्व दिशा में गहराई अच्छी मानी जाती है. उत्तर-पूर्व कि कोण अर्थात ईशान कोण में चमकीला फर्श अत्यंत लाभ दायक होता है घर / भवन के यदि ईशान कोण में चमकीला फर्श है तो यह फर्श भाग्य खोलने में सहायक होता है विभिन्न प्रकार की problems को समाप्त करता है. घर की सन्तान हेतु भी यह शुभ फल प्रदान करता है.इसलिए ईशान भाग में हमेशा shiny floor और mirror's use beneficial होता है. north-east में फव्वारा भी बहुत उत्तम होता है इसके लिए पड़ने के लिए यहाँ क्लिक करे 
वास्तु शास्त्र में फव्वारे का महत्व




floor in north-west


उत्तर-पश्चिम दिशा में चमकीला फर्श मित्र को भी शत्रु बनाता है कोर्ट कचहरी के चक्कर लगवाता है divorce की संभावना होती है.इस दिशा को भी चमकीला ना बनवाएं. यदि है तो उसे cover रखें . इसे ढक कर आपदाओं से बचा जा सकता है. 


वास्तु शास्त्र में वायव्य दिशा के बारे में पड़ने के लिए यहाँ देखे  वास्तुशास्त्र में वायव्य दिशा




पश्चिम हिस्से के फर्श पर चमकीला फर्श घर के बेटो को नुकसान देगा उनकी उन्नति में यहाँ का फर्श बाधा कारक होता है.



मध्य भाग अर्थात ब्रह्म स्थान का चमकीला फर्श दिवालिया बनाता है क्योंकि घर के बीच कुआं आदि नही होने चाहिए यह फर्श घर में कुएं की गहराई को दिखाता है. जो loan & financial problems का द्वार खोलता है.



पूर्व दिशा और उत्तर दिशा की तरफ लगे हुए चमकीले फर्श इस भाग को गरम करते है जिसके कारण आपके लाभ होगा धन का आगमन तीव्र गति से होता है तथा घर / भवन में शान्ति की स्थापना होती है बरकत भी बडती है.घर के सभी सदस्य संपन्न होने लगते है. उत्तर पूर्व दिशा में फर्श से छत तक का दर्पण कई गुणा लाभ देता है यदि संभव हो तो इसे लगा कर लाभ उठाये.





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